कानपुर। कानपुर मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। कानपुर सेंट्रल से नौबस्ता तक मेट्रो सेवा शुरू होने का इंतजार अब जल्द खत्म होने वाला है। शनिवार और रविवार की रात को इस सेक्शन पर मेट्रो का हाई स्पीड ट्रायल रन सफलतापूर्वक पूरा किया गया। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (UPMRC) के अधिकारियों के मुताबिक, टेस्ट रन के दौरान मेट्रो ट्रेन को 80 किलोमीटर प्रति घंटा की अधिकतम रफ्तार से चलाकर उसकी कार्यक्षमता और सुरक्षा मानकों की जांच की गई।
अधिकारियों ने बताया कि मेट्रो ट्रेन को ऑटोमेटिक ट्रेन प्रोटेक्शन (ATP) मोड में अप और डाउन दोनों लाइनों पर कानपुर सेंट्रल से नौबस्ता स्टेशन तक संचालित किया गया। परीक्षण के दौरान ट्रेन ने बिना किसी तकनीकी बाधा के सफलतापूर्वक सफर तय किया। इससे यह संकेत मिल गया है कि यह सेक्शन जल्द ही यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा।
वर्तमान में कानपुर मेट्रो के कॉरिडोर-1 के अंतर्गत आईआईटी कानपुर से कानपुर सेंट्रल तक करीब 16 किलोमीटर लंबे हिस्से में यात्री सेवाएं संचालित हो रही हैं। अब कानपुर सेंट्रल से नौबस्ता तक लगभग 8 किलोमीटर लंबे बचे हुए सेक्शन पर सेवा शुरू होने के साथ ही कॉरिडोर-1 का निर्माण कार्य पूरी तरह पूरा हो जाएगा।
इस नए सेक्शन के शुरू होने के बाद यात्रियों को सात नए स्टेशन की सुविधा मिलेगी। इनमें दो अंडरग्राउंड स्टेशन — झकरकटी और ट्रांसपोर्ट नगर — शामिल हैं, जबकि पांच एलिवेटेड स्टेशन बारादेवी, किदवई नगर, वसंत विहार, बौद्ध नगर और नौबस्ता होंगे। इससे शहर के दक्षिणी हिस्से में रहने वाले लाखों लोगों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन सुविधा मिलेगी।
यूपी मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के संयुक्त महाप्रबंधक जनसंपर्क पंचानन मिश्रा ने बताया कि हाई स्पीड ट्रायल परीक्षण प्रक्रिया का सबसे अहम हिस्सा होता है। इसके तहत ट्रेन को अधिकतम गति से चलाकर सुरक्षा और तकनीकी मानकों की गहन जांच की जाती है। इस दौरान “स्पीड ब्रेक टेस्ट” भी किया गया, जिसमें ट्रेन की ब्रेकिंग क्षमता और सिस्टम की कार्यक्षमता को परखा गया।
ट्रायल रन के समय सिग्नलिंग विभाग के अपर महाप्रबंधक दीपक पांडेय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों का कहना है कि सभी परीक्षण सफल रहने के बाद अब जल्द ही सुरक्षा प्रमाणन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी और जून के अंत तक यात्रियों के लिए इस रूट पर मेट्रो सेवा शुरू कर दी जाएगी।
कानपुर मेट्रो के इस विस्तार से शहर में यातायात व्यवस्था को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। साथ ही सड़क पर बढ़ते ट्रैफिक और प्रदूषण को कम करने में भी यह परियोजना महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

