ICICI बैंक ने अपने सेविंग अकाउंट धारकों के लिए एक अहम बदलाव लागू किया है। अब खाताधारकों को न्यूनतम औसत बैलेंस (MAB) के रूप में पहले की ₹10,000 की जगह ₹50,000 रखना अनिवार्य होगा। यह नया नियम मेट्रो शहरों से लेकर ग्रामीण इलाकों तक सभी पर लागू है।
बैंक के मुताबिक, न्यूनतम औसत बैलेंस का अर्थ है कि पूरे महीने में खाते में रखी गई राशि का औसत। यदि यह औसत निर्धारित सीमा से नीचे चला जाता है, तो ग्राहक को पेनल्टी भरनी पड़ेगी। पेनल्टी की राशि खाते के प्रकार और शाखा के स्थान के अनुसार अलग-अलग हो सकती है।
बैंकिंग विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले का उद्देश्य उच्च गुणवत्ता वाली सेवाएं प्रदान करना और प्रीमियम ग्राहकों को बढ़ावा देना है। हालांकि, यह कदम उन ग्राहकों के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है, जो लंबे समय तक खाते में बड़ी रकम नहीं रख पाते।
ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने खाते का बैलेंस नियमित रूप से चेक करते रहें और जरूरत पड़ने पर राशि बढ़ा लें, ताकि जुर्माने से बचा जा सके। विस्तृत जानकारी के लिए बैंक की आधिकारिक वेबसाइट या कस्टमर केयर से संपर्क करें।

