सलोनी तिवारी: कानपुर, 19 जुलाई 2025 – थाना फीलखाना क्षेत्र की नील वाली गली में स्थित भवन संख्या 57/65 में शनिवार दोपहर भीषण आग लग गई। यह इमारत ज्ञान भारती स्कूल के पास स्थित है और जब आग लगी, उस समय भवन के अंदर लगभग 50 लोग फंसे हुए थे। इस भयावह घटना से इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोगों में हड़कंप मच गया।
घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियां — दो लाटूश रोड से और दो कल्याणपुर से — तत्काल मौके पर पहुंचीं। आग की भयावहता को देखते हुए मुख्य अग्निशमन अधिकारी दीपक शर्मा स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी की।
प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया कि इमारत के भूतल पर एक ज्वेलरी निर्माण व मरम्मत केंद्र संचालित किया जा रहा था, जिसमें अवैध रूप से छोटे-बड़े एलपीजी सिलेंडर रखे गए थे। आग लगने का कारण सिलेंडर से गैस का रिसाव माना जा रहा है, जिससे सिलसिलेवार विस्फोट होने लगे और आग ने विकराल रूप ले लिया।
दमकलकर्मियों ने कठिन परिस्थितियों में अदम्य साहस दिखाते हुए ऊपरी मंजिलों पर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला और आग पर समय रहते काबू पा लिया। उनकी तत्परता और सूझबूझ से एक बड़ी जनहानि टल गई। कई अन्य सिलेंडरों को समय रहते हटाकर और भी बड़े हादसे से बचाव किया गया।
इस घटना में दो लोग झुलस गए जिन्हें स्थानीय नागरिकों की सहायता से तुरंत के.पी.एम. अस्पताल पहुंचाया गया। दोनों की हालत स्थिर बताई जा रही है।
घटनास्थल पर पुलिस उपायुक्त पूर्वी जोन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। दमकल विभाग की त्वरित और बहादुरी भरी कार्रवाई की आम जनता, प्रशासन और मीडिया द्वारा सराहना की जा रही है।
निष्कर्ष: यह घटना नगर प्रशासन के लिए एक चेतावनी है कि घनी आबादी वाले क्षेत्रों में अवैध रूप से चल रहे व्यवसायों की सघन जांच की जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

