झांसी में पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री जयवीर सिंह की अध्यक्षता में विकास कार्यों और योजनाओं की समीक्षा बैठक सम्पन्न

झाँसी: उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री तथा झाँसी जनपद के प्रभारी मंत्री श्री जयवीर सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट नवीन सभागार में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में शासन द्वारा संचालित महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा की गई। बैठक से पूर्व सर्किट हाउस में कोर कमेटी की बैठक आयोजित की गई, जिसमें स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने जनपद के विकास और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तृत चर्चा की।

1. ‘सेवा संकल्प अभियान’ और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा

  • अभयदान एवं अवधि: जनपद में आगामी 17 सितंबर से 17 अक्टूबर 2026 तक ‘सेवा संकल्प अभियान’ को एक वृहद और भव्य रूप में आयोजित किया जाएगा।

  • सांस्कृतिक प्रस्तुतियां: इस अभियान के तहत प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में लखनऊ से आने वाले प्रसिद्ध कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी।

  • कुल कार्यक्रम: पूरे जनपद में कुल 27 कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनकी प्रशासनिक व्यवस्था शासन स्तर से सुनिश्चित की जाएगी। प्रभारी मंत्री ने निर्देश दिए कि इन आयोजनों में अधिक से अधिक आम जनता को जोड़ा जाए तथा विद्यालयों में विशेष कार्यक्रम आयोजित कर उनमें भाग लेने वाले बच्चों को सम्मानित किया जाए।

2. झाँसी महोत्सव और बुंदेलखंड में ईको-टूरिज्म की अपार संभावनाएं

  • आर्थिक स्वीकृति: बैठक के दौरान झाँसी महोत्सव के सफल आयोजन हेतु 50 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई।

  • पर्यटन को बढ़ावा: मंत्री श्री जयवीर सिंह ने विशेष रूप से रेखांकित किया कि बुंदेलखंड क्षेत्र में ईको-टूरिज्म (Eco-Tourism) की असीम संभावनाएं मौजूद हैं, जिन्हें सही दिशा में विकसित कर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा दिया जा सकता है।

3. स्वास्थ्य सेवाओं में कसावट: अस्पतालों में साइन बोर्ड अनिवार्य

  • मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप निर्देश: प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ की मंशा के अनुसार अस्पतालों में व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए गए ताकि गरीब तबके के लोगों को सुलभ और सुविधाजनक इलाज मिल सके।

  • विशेषज्ञ डॉक्टरों की जानकारी: मेडिकल कॉलेज सहित जनपद की सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) पर तैनात सभी डॉक्टरों के नाम, उनके मोबाइल नंबर, उनकी विशेषज्ञता (किस बीमारी के विशेषज्ञ हैं) और उनके मरीज देखने का समय स्पष्ट रूप से साइन बोर्ड पर चस्पा करने के निर्देश दिए गए।

  • औचक निरीक्षण: मेडिकल कॉलेज के हालिया औचक निरीक्षण के दौरान सामने आई शिकायतों और उनके निस्तारण की स्थिति की भी अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली गई।

4. विद्युत आपूर्ति में सुधार और अधिकारियों को सख्त चेतावनी

  • जनप्रतिनिधियों की नाराजगी: बैठक के दौरान जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार मिल रही खराब विद्युत आपूर्ति और उच्च अधिकारियों द्वारा समस्याओं का समय पर समाधान न किए जाने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की।

  • सुधार के निर्देश: प्रभारी मंत्री ने विद्युत विभाग के अधिकारियों को अपनी कार्यशैली और आचरण में तुरंत सुधार लाने की कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने निर्देश दिए कि ग्रामीण जनता को राहत देने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध और नियमित विद्युत आपूर्ति हर हाल में सुनिश्चित की जाए।

5. आवास योजनाओं का पारदर्शी क्रियान्वयन

  • पात्रों को प्राथमिकता: प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) और मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए गए कि यदि कोई भी व्यक्ति आवास विहीन है, तो उसका आवेदन तत्काल लिया जाए।

  • विशेष निर्देश: जमीनी स्तर पर जांच कराकर पात्र व्यक्तियों को योजना का लाभ दिया जाए। यदि कोई व्यक्ति पूरी तरह पात्र है लेकिन उसका नाम सूची में नहीं छूट गया है, तो भी उसे आवास का लाभ दिलाना सुनिश्चित किया जाए।

6. जिलाधिकारी की ‘अभिनव पहल’ और नवाचारों की सराहना

  • डीएमएफ फंड का उपयोग: जिलाधिकारी श्री गौरांग राठी द्वारा ‘अभिनव पहल’ के तहत डीएमएफ (DMF) फंड से लगभग 22 करोड़ रुपये की लागत से सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक क्षेत्र में कराए जा रहे विकास कार्यों की मंत्री जी ने मुक्तकंठ से सराहना की।

  • प्रमुख नवाचार:

    • मॉडल कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, जिसमें स्टूडियो, कोचिंग व्यवस्था और स्पोर्ट्स हब की सुविधा है।

    • रेन वॉटर हार्वेस्टिंग, डिजिटल लैब और एआई (AI) आधारित निर्माण कार्य।

    • बच्चों में खेलकूद को बढ़ावा देने के लिए स्कूलों में खेल और डिजिटल लाइब्रेरी का निर्माण, जिसमें बच्चों को खेलकूद के प्रोत्साहन हेतु 2,000 रुपये की राशि तथा उत्कृष्ट खिलाड़ियों को 11,000 रुपये की एकमुश्त ग्रांट दी जा रही है।

  • एमओयू (MoU) समझौता: बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री की उपस्थिति में ग्राम पंचायत सिमरावारी और नगर निगम के बीच एक एमओयू पर हस्ताक्षर हुए, जिसके तहत नगर निगम द्वारा सिमरावारी से निकलने वाले कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण हेतु उसे बिजौली सेंटर भेजा जाएगा।

इस अवसर पर मेयर श्री बिहारी लाल आर्य, जिलाध्यक्ष महानगर श्री सुधीर सिंह, जिलाध्यक्ष प्रदीप पटेल, विधायक बबीना श्री राजीव सिंह पारीछा, विधायक मऊरानीपुर डॉ. रश्मि आर्य, विधायक गरौठा श्री जवाहर लाल राजपूत, विधान परिषद सदस्य श्रीमती रमा निरंजन, श्रीरामतीर्थ सिंघल, डॉ. बाबूलाल तिवारी, जिलाधिकारी श्री गौरांग राठी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री विकास कुमार, मुख्य विकास अधिकारी श्री रामेश्वर सुधाकर सब्बनवाड सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *