काकादेव में फिर धंसी अपार्टमेंट की जमीन, पर्वकुंज अपार्टमेंट के बेसमेंट में आई बड़ी दरार, दहशत में निवासी

कानपुर। शहर के काकादेव थाना क्षेत्र स्थित नवीन नगर इलाके में लगातार हो रही बारिश के बीच एक बार फिर जमीन धंसने की घटना सामने आई है। बुधवार सुबह पर्वकुंज अपार्टमेंट के बेसमेंट का बड़ा हिस्सा धंस जाने से अपार्टमेंट में रहने वाले लोगों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही केडीए, काकादेव पुलिस और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंचीं तथा एहतियात के तौर पर लोगों को अपना जरूरी सामान सुरक्षित निकालने की सलाह दी गई।

जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात से रुक-रुककर हो रही वर्षा के बाद बुधवार सुबह करीब 10 बजे अपार्टमेंट के गार्ड नरेंद्र गुप्ता ने देखा कि मुख्य गेट के पास बना पिलर और दीवार ढह गई है। साथ ही बेसमेंट का एक बड़ा हिस्सा अचानक धंस गया। घटना के कारण भूतल पर बने गार्ड रूम की दीवारों में भी दरारें आ गईं, जिससे भवन की सुरक्षा को लेकर लोगों की चिंता बढ़ गई।

पर्वकुंज अपार्टमेंट तीन मंजिला इमारत है, जिसमें सात फ्लैट और एक बेसमेंट बना हुआ है। बेसमेंट धंसने की सूचना मिलते ही अपार्टमेंट में रहने वाले लोग भयभीत होकर अपने-अपने फ्लैटों से बाहर निकल आए। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में मेट्रो परियोजना के तहत चल रही खुदाई के कारण जमीन कमजोर हो गई है, जिसकी वजह से इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं।

गौरतलब है कि इससे पहले 3 जुलाई को भी नवीन नगर स्थित हार्मोनी डीलक्स अपार्टमेंट का बेसमेंट और उसके आसपास की जमीन भारी बारिश के दौरान धंस गई थी। उस घटना में कई वाहन मलबे में दब गए थे और क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया था।

घटना की जानकारी मिलते ही कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) और काकादेव पुलिस मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने सुरक्षा के मद्देनजर भवन में रहने वाले लोगों से आवश्यक सामान सुरक्षित स्थान पर ले जाने को कहा है। वहीं, मेट्रो परियोजना की टीम को भी मौके पर बुलाया गया है, जो तकनीकी जांच कर धंसने के कारणों का पता लगाएगी।

फिलहाल प्रशासन ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बेसमेंट धंसने की वास्तविक वजह लगातार बारिश है या फिर मेट्रो निर्माण कार्य का प्रभाव। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से क्षेत्र के सभी आसपास के भवनों का भी तकनीकी निरीक्षण कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।

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