कानपुर। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बुधवार को रावतपुर, साकेत नगर और मसवानपुर क्षेत्र में विशेष अभियान चलाया। अभियान के दौरान गंदगी और अस्वच्छ परिस्थितियों में संचालित तीन मोमोज निर्माण एवं बिक्री इकाइयों पर कार्रवाई करते हुए उनका संचालन तत्काल प्रभाव से बंद करा दिया गया। साथ ही जांच के लिए नमूने एकत्र किए गए और करीब 115 किलोग्राम संदिग्ध चटनी को नगर निगम के वेस्ट डिस्पोजल यार्ड में नष्ट कराया गया।
जिलाधिकारी जितेन्द्र प्रताप सिंह के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने केशव नगर स्थित आकाश मोमोज, रावतपुर के श्री बालाजी मोमोज तथा साकेत नगर स्थित एक अन्य मोमोज इकाई का निरीक्षण किया। जांच के दौरान तीनों प्रतिष्ठानों में साफ-सफाई के गंभीर अभाव पाए गए। कई स्थानों पर खाद्य सामग्री खुले में और अस्वच्छ वातावरण में रखी मिली, जिससे खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन स्पष्ट हुआ।
निरीक्षण के दौरान श्री बालाजी मोमोज की निर्माण इकाई में खाद्य कारोबार संचालन के लिए आवश्यक खाद्य पंजीकरण (Food Registration) भी उपलब्ध नहीं मिला। इसके अलावा मोमोज के साथ परोसी जाने वाली रंगीन चटनी गंदगी और दूषित परिस्थितियों में संग्रहित पाई गई, जिससे उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा उत्पन्न होने की आशंका जताई गई।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने मौके से रंगीन चटनी और मोमोज के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए। वहीं लगभग 45 किलोग्राम चटनी का मौके पर ही विनष्टीकरण कराया गया। अभियान के दौरान कुल मिलाकर करीब 115 किलोग्राम संदिग्ध चटनी नष्ट कराई गई।
विभागीय अधिकारियों ने संबंधित संचालकों को निर्देश दिए कि जब तक आवश्यक खाद्य पंजीकरण प्राप्त नहीं किया जाता और सभी कमियों को दूर कर स्वच्छता मानकों का पालन सुनिश्चित नहीं किया जाता, तब तक इन प्रतिष्ठानों का संचालन बंद रखा जाएगा।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया कि जनस्वास्थ्य से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में भी शहरभर में ऐसे विशेष अभियान लगातार चलाए जाएंगे ताकि नागरिकों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके।

