कानपुर के चमनगंज क्षेत्र स्थित एक प्लास्टिक फर्नीचर गोदाम में मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे भीषण आग लग गई। आग इतनी विकराल थी कि उसका काला धुआं करीब दो किलोमीटर दूर तक दिखाई देता रहा। घटना से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और आसपास के लोगों में दहशत फैल गई।
जानकारी के अनुसार, गोदाम में बड़ी मात्रा में प्लास्टिक फर्नीचर और अन्य ज्वलनशील सामग्री रखी हुई थी, मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) कानपुर दीपक शर्मा के नेतृत्व में जनपद की कुल 9 अग्निशमन यूनिटों को मौके पर रवाना किया गया। प्लास्टिक सामग्री में लगी आग के कारण घना जहरीला धुआं और अत्यधिक तापमान राहत कार्य में बड़ी चुनौती बना रहा। इसके बावजूद अग्निशमन कर्मियों ने अथक परिश्रम करते हुए आग को फैलने से रोक लिया।
अग्निशमन विभाग की त्वरित कार्रवाई से आग को सीमित कर पास स्थित प्लाईवुड गोदाम, बेसमेंट, भूतल तथा आसपास के कई व्यावसायिक एवं आवासीय भवनों को सुरक्षित बचा लिया गया। यदि आग पर समय रहते काबू नहीं पाया जाता, तो यह एक बड़े हादसे का रूप ले सकती थी।
घटना के दौरान पूरे इलाके में काले धुएं का गुबार दिखाई देता रहा, जिससे स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल बन गया। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। प्रशासन द्वारा आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है तथा नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, आग लगने के बाद आसमान में काले धुएं का घना गुबार छा गया, जिसे दूर-दूर तक देखा जा सकता था। दमकल कर्मियों ने कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है।
प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है। राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। अधिकारियों ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है।

