महोबा। एक दिवसीय दौरे पर महोबा पहुंचे उत्तर प्रदेश के जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह का काफिला शुक्रवार दोपहर उस समय रुक गया, जब भाजपा के चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत अपने समर्थकों और करीब 100 ग्राम प्रधानों के साथ छतरपुर रोड पर उनके सामने आ खड़े हुए। जल जीवन मिशन के तहत जिले में खोदी गई सड़कों की बदहाली और कई गांवों में पानी न पहुंचने को लेकर मंत्री और विधायक के बीच तीखी नोकझोंक हो गई।
रामश्री महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम के बाद दोपहर करीब 3:30 बजे मंत्री का काफिला छतरपुर रोड पहुंचा। यहां विधायक बृजभूषण राजपूत ने लगभग 50 कारों और बाइकों से काफिले को रोक दिया। विधायक ने आरोप लगाया कि उनके विधानसभा क्षेत्र के करीब 40 गांवों में पाइपलाइन बिछाने के बाद भी पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है और सड़कों की मरम्मत भी नहीं कराई गई।
विधायक की बातों पर प्रतिक्रिया देते हुए जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह ने साफ कहा,
“जहां कोई शिकायत है, वहां मुझे लेकर चलो। उस गांव में मैं खुद चलूंगा। अगर 40 गांवों की बात है तो सभी जगह चलूंगा। मेरे साथ अफसर हैं, हर जगह जांच होगी। कहीं भी लापरवाही मिली तो संबंधित अफसरों को निलंबित कर दूंगा।”
इसके बाद मंत्री ने विधायक से अपनी गाड़ी में साथ चलने को भी कहा।
इसी दौरान विधायक समर्थकों और सुरक्षाकर्मियों के बीच तीखी झड़प हो गई। सीओ सदर अरुण कुमार सिंह और एसडीएम शिवध्यान पांडेय द्वारा रास्ता खुलवाने के प्रयास पर समर्थक उनसे भी उलझ गए। एक समर्थक द्वारा इंस्पेक्टर से अभद्र भाषा का प्रयोग किए जाने से माहौल और तनावपूर्ण हो गया।
स्थिति बिगड़ती देख जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह विधायक को साथ लेकर स्वयं कलेक्ट्रेट पहुंचे। वहां जिलाधिकारी गजल भारद्वाज की मौजूदगी में मंत्री, विधायक, प्रशासनिक अधिकारियों और ग्राम प्रधानों की बैठक हुई। बैठक में डीएम ने 20 दिनों के भीतर खुदी सड़कों की मरम्मत और पानी आपूर्ति की समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया, जिसके बाद मामला शांत हुआ। इसके बाद मंत्री अगले कार्यक्रम के लिए रवाना हो गए।

