कानपुर शहर इन दिनों कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। दिसंबर के अंतिम सप्ताह में तापमान लगातार गिरता जा रहा है और न्यूनतम तापमान सामान्य से कई डिग्री नीचे रिकॉर्ड किया जा रहा है। सुबह और देर रात को कोहरे की वजह से दृश्यता बेहद कम हो गई है, जिससे शहर का सामान्य जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
यातायात व्यवस्था पर असर
घने कोहरे के कारण शहर के प्रमुख मार्गों जैसे जीटी रोड, कल्याणपुर, नौबस्ता, जाजमऊ और आउटर रिंग रोड पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई है। कई जगहों पर सुबह के समय लंबा जाम देखने को मिला। ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों को फॉग लाइट और लो-बीम हेडलाइट का प्रयोग करने की सलाह दी है।
रेलवे यातायात भी प्रभावित हुआ है। कानपुर सेंट्रल स्टेशन से गुजरने वाली कई लंबी दूरी की ट्रेनें घंटों देरी से पहुंचीं, जिससे यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
उद्योग और व्यापार पर प्रभाव
कानपुर का चमड़ा उद्योग, कपड़ा मिलें और छोटे-मोटे कारखाने भी ठंड से प्रभावित हो रहे हैं। सुबह की शिफ्ट में कामगारों की उपस्थिति कम देखी जा रही है। कई फैक्ट्रियों में काम के घंटे घटा दिए गए हैं।
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि ठंड और कोहरे के कारण बाजारों में ग्राहकों की संख्या कम हो गई है। हालांकि, गर्म कपड़ों, हीटर और सर्दियों से जुड़े उत्पादों की बिक्री में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं
शहर के सरकारी और निजी अस्पतालों में सर्दी-खांसी, वायरल बुखार, सांस की तकलीफ और जोड़ों के दर्द के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों ने बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
प्रशासन की तैयारी
नगर निगम द्वारा प्रमुख चौराहों और बस्तियों में अलाव जलाए जा रहे हैं। रैन बसेरों की व्यवस्था भी की गई है। जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम को अलर्ट मोड पर रखा है।

