लखनऊ/उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश में चीनी मांझे के बढ़ते खतरे को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त कदम उठाया है। राज्यभर में चीनी मांझे के इस्तेमाल, बिक्री और भंडारण पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। मुख्यमंत्री ने साफ निर्देश दिए हैं कि चीनी मांझे से यदि किसी व्यक्ति की मौत होती है तो उसे हत्या की श्रेणी में माना जाएगा और उसी के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
यह फैसला राजधानी लखनऊ के बाजारखाला इलाके में हुई एक दर्दनाक घटना के बाद लिया गया है, जहां बुधवार को पतंग की चीनी डोर से एक युवक का गला कट गया। गले की नस कटने के कारण युवक की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना ने एक बार फिर चीनी मांझे के जानलेवा खतरे को उजागर कर दिया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि पूरे प्रदेश में चीनी मांझे के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाए। इसके तहत छापेमारी कर अवैध रूप से चीनी मांझा बेचने और इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस अभियान की उच्च स्तर पर नियमित समीक्षा भी की जाएगी।
गौरतलब है कि इससे पहले भी चीनी मांझे के कारण कई हादसे सामने आ चुके हैं। हाल ही में पतंग की डोर हाईटेंशन लाइन पर गिरने से मेट्रो सेवाएं बाधित हो गई थीं, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए सरकार ने अब ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई है।
प्रदेश सरकार का कहना है कि आम जनता की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। चीनी मांझा न केवल इंसानों बल्कि पक्षियों और जानवरों के लिए भी जानलेवा साबित हो रहा है। ऐसे में सरकार का यह कदम जनहित में बेहद अहम माना जा रहा है।

