सलोनी तिवारी: कुछ साल पहले तक जब भी किसी को जन्मदिन, शादी, गृहप्रवेश, सालगिरह या किसी खास अवसर पर तोहफा देना होता था, तो लोग घड़ी, कपड़े, मिठाई, शोपीस या परफ्यूम जैसे उपहारों को प्राथमिकता देते थे। लेकिन समय के साथ लोगों की सोच में बदलाव आया है। आजकल गिफ्ट में पौधे देने का चलन तेजी से बढ़ रहा है। यह सिर्फ एक फैशन नहीं, बल्कि पर्यावरण के प्रति बढ़ती जागरूकता और जिम्मेदारी का प्रतीक बन चुका है।
गिफ्ट में पौधे देने की परंपरा कैसे शुरू हुई?
शहरों में बढ़ता प्रदूषण, कटते जंगल, ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन जैसी समस्याओं ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। लोग अब यह समझने लगे हैं कि केवल दिखावे के उपहार देने से बेहतर है ऐसा गिफ्ट दिया जाए जो प्रकृति के साथ-साथ इंसान के जीवन में भी सकारात्मक बदलाव लाए। इसी सोच ने पौधों को उपहार के रूप में लोकप्रिय बना दिया।
कॉरपोरेट सेक्टर, सामाजिक संगठनों, स्कूल-कॉलेजों और सरकारी कार्यक्रमों में भी अब पौधारोपण और पौधों को उपहार देने की परंपरा को बढ़ावा दिया जा रहा है।
पौधा: एक ऐसा गिफ्ट जो हमेशा साथ रहता है
पौधे की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह एक जीवित उपहार होता है। जहां अन्य उपहार समय के साथ टूट जाते हैं, खराब हो जाते हैं या अलमारी में रखे-रखे भूल जाते हैं, वहीं पौधा समय के साथ बढ़ता है, फलता-फूलता है और गिफ्ट देने वाले की याद दिलाता रहता है।
जब कोई व्यक्ति रोज उस पौधे को पानी देता है, उसकी देखभाल करता है, तो उस गिफ्ट से एक भावनात्मक जुड़ाव भी बन जाता है।
पर्यावरण संरक्षण में योगदान
गिफ्ट में पौधे देना सीधे तौर पर पर्यावरण संरक्षण से जुड़ा हुआ है। एक छोटा सा पौधा भविष्य में बड़ा पेड़ बन सकता है, जो:
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ऑक्सीजन देता है
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वायु प्रदूषण कम करता है
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कार्बन डाइऑक्साइड को अवशोषित करता है
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पक्षियों और जीव-जंतुओं को आश्रय देता है
इस तरह एक पौधा कई जिंदगियों के लिए फायदेमंद साबित होता है।
मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव, चिंता और अवसाद आम समस्या बन चुके हैं। वैज्ञानिक शोध भी बताते हैं कि पौधों के आसपास रहने से मन को शांति मिलती है। हरियाली देखने से तनाव कम होता है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
जब किसी को पौधा गिफ्ट किया जाता है, तो वह केवल एक वस्तु नहीं बल्कि मानसिक सुकून भी उपहार में देता है।
किन मौकों पर दिया जा रहा है पौधा गिफ्ट?
आजकल पौधे लगभग हर मौके पर गिफ्ट किए जा रहे हैं, जैसे:
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जन्मदिन
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शादी और सालगिरह
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गृहप्रवेश
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ऑफिस जॉइनिंग या प्रमोशन
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रिटायरमेंट
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त्योहार (दीपावली, होली, ईद, क्रिसमस)
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स्कूल और कॉलेज फंक्शन
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सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रम
कॉरपोरेट गिफ्टिंग में भी अब पौधे एक ट्रेंड बन चुके हैं।
कौन-कौन से पौधे गिफ्ट में दिए जा रहे हैं?
लोग आमतौर पर ऐसे पौधे गिफ्ट करते हैं जिनकी देखभाल आसान हो और जो ज्यादा समय तक जीवित रहें। इनमें शामिल हैं:
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मनी प्लांट
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तुलसी
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बांस (लकी बैंबू)
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स्नेक प्लांट
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एलोवेरा
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जेड प्लांट
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गुलाब और अन्य फूलों के पौधे
इन पौधों को शुभ, सौभाग्य और सकारात्मक ऊर्जा से भी जोड़ा जाता है।
बच्चों और युवाओं में बढ़ती जागरूकता
स्कूलों में अब बच्चों को पौधे उपहार में देकर पर्यावरण के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जन्मदिन पर टॉफी बांटने की जगह बच्चे पौधे बांट रहे हैं। यह एक सकारात्मक बदलाव है, जो आने वाली पीढ़ी को प्रकृति के करीब ला रहा है।
युवा वर्ग भी सोशल मीडिया पर पौधे गिफ्ट करने को एक जिम्मेदार और ट्रेंडी कदम मान रहा है।
सोशल मीडिया और ग्रीन ट्रेंड
इंस्टाग्राम, फेसबुक और व्हाट्सएप जैसे प्लेटफॉर्म पर “ग्रीन गिफ्टिंग” को लेकर कई कैंपेन चल रहे हैं। लोग पौधे गिफ्ट करते हुए फोटो और वीडियो शेयर कर रहे हैं, जिससे यह चलन और तेजी से फैल रहा है।
आर्थिक रूप से भी फायदेमंद
पौधे न केवल पर्यावरण के लिए अच्छे हैं, बल्कि जेब पर भी ज्यादा भारी नहीं पड़ते। कम बजट में भी सुंदर और अर्थपूर्ण गिफ्ट दिया जा सकता है। नर्सरी और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर आजकल आकर्षक गमलों में पौधे आसानी से उपलब्ध हैं।
क्या कहती है बदलती सोच?
गिफ्ट में पौधे देना इस बात का संकेत है कि समाज धीरे-धीरे दिखावे से हटकर जिम्मेदारी की ओर बढ़ रहा है। लोग अब यह समझने लगे हैं कि प्रकृति को बचाना सिर्फ सरकार की नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी है।

