सलोनी तिवारी : जिला कारागार, कानपुर नगर में 01 दिसंबर 2025 को गीता जयंती के अवसर पर इस्कॉन मंदिर, कानपुर द्वारा एक विशेष सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य बंदियों को श्रीमद्भगवद्गीता की शिक्षाओं से अवगत कराना और उनके मानसिक एवं आध्यात्मिक उत्थान में सहयोग करना था।
जेल अधीक्षक डॉ. बी.डी. पांडेय ने बताया कि इस्कॉन मंदिर की टीम द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में बंदियों को गीता के महत्वपूर्ण संदेशों और जीवन मूल्यवान सीखों से परिचित कराया गया। उन्होंने बताया कि धर्म, भक्ति और सकारात्मक सोच के माध्यम से जीवन में बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं।
कार्यक्रम के दौरान इस्कॉन मंदिर से पधारे श्री प्रशांत त्रिपाठी, श्री हरिकृपा दास, श्री धर्मवीर यादव, श्री पवन शाह और श्री समीर शर्मा ने भक्तिमय, संगीतमय एवं प्रेरणादायक प्रस्तुतियां दीं। बंदियों ने उत्साह के साथ कार्यक्रम में भाग लिया और मंत्रोच्चार तथा भजन-कीर्तन में शामिल हुए।
वक्ताओं ने बंदियों को काम, क्रोध, लोभ जैसी बुराइयों से दूर रहने तथा अपने मन पर नियंत्रण रखने की प्रेरणा दी। साथ ही श्रीमद्भगवद्गीता की प्रमुख शिक्षाओं और उनके जीवन में महत्व पर प्रकाश डाला गया।
इस्कॉन मंदिर की ओर से बंदियों को 250 पुस्तकें भी भेंट की गईं, ताकि वे नियमित रूप से सकारात्मक और ज्ञानवर्धक साहित्य का अध्ययन कर सकें।
जेल अधीक्षक डॉ. बी.डी. पांडेय ने भी बंदियों को प्रेरित करते हुए कहा कि आत्मविकास, सकारात्मक कार्यों में लगना और अच्छी पुस्तकों का अध्ययन जीवन सुधार का सबसे सरल मार्ग है। उन्होंने इस्कॉन मंदिर के सभी वक्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर जेलर श्री मनीष कुमार, डिप्टी जेलर श्री अरुण कुमार सिंह और श्री प्रदीप कुमार भी उपस्थित रहे।

