अक्षय कुमार की फिल्म की धीमी शुरुआत ने तोड़े फैंस के अरमान, ‘जॉली एलएलबी 3’ मंडे टेस्ट में फेल?

सलोनी तिवारी: बॉलीवुड में सोमवार का दिन किसी भी फिल्म के लिए बेहद अहम माना जाता है। इसे ही ‘मंडे टेस्ट’ कहा जाता है, क्योंकि यह फिल्म के असली पोटेंशियल का अंदाजा देता है। वीकेंड पर तो दर्शक मनोरंजन के लिए थियेटर का रुख कर ही लेते हैं, लेकिन सोमवार को फिल्म की पब्लिसिटी, वर्ड ऑफ माउथ और असली स्टार पावर की परीक्षा होती है।

अक्षय कुमार और अरशद वारसी की फिल्म ‘जॉली एलएलबी 3’ ने वीकेंड पर ठीक-ठाक कलेक्शन किया, लेकिन सोमवार को फिल्म की रफ्तार अचानक धीमी पड़ गई। आइए विस्तार से जानते हैं कि आखिर फिल्म की स्थिति क्या है, बॉक्स ऑफिस पर अब तक का सफर कैसा रहा है और आगे की संभावनाएँ क्या हैं।


 फिल्म ‘जॉली एलएलबी 3’ का बैकग्राउंड

‘जॉली एलएलबी’ फ्रेंचाइज़ी की पिछली दोनों फिल्में बॉक्स ऑफिस पर सफल रही थीं।

  • पहली फिल्म (2013) में अरशद वारसी थे और इसे दर्शकों का काफी प्यार मिला।

  • दूसरी फिल्म (2017) में अक्षय कुमार ने एंट्री ली और कोर्टरूम ड्रामा के साथ-साथ जबरदस्त बॉक्स ऑफिस कलेक्शन दर्ज किया।

अब ‘जॉली एलएलबी 3’ में अक्षय और अरशद दोनों को एक साथ पेश किया गया है। इस वजह से दर्शकों को काफी उम्मीदें थीं। फिल्म का निर्देशन फिर से सुभाष कपूर ने किया है।


 बॉक्स ऑफिस कलेक्शन रिपोर्ट

1. ओपनिंग डे कलेक्शन

फिल्म ने पहले दिन यानी शुक्रवार को लगभग ₹14.50 करोड़ कमाए। यह उम्मीद से थोड़ा कम था, लेकिन वीकेंड की ग्रोथ पर भरोसा था।

2. वीकेंड कलेक्शन

  • शनिवार को कलेक्शन बढ़कर ₹17.20 करोड़ हुआ।

  • रविवार को फिल्म ने ₹19.80 करोड़ का बिजनेस किया।
    यानी वीकेंड टोटल रहा: ₹51.50 करोड़

3. मंडे टेस्ट (सोमवार कलेक्शन)

सोमवार को फिल्म का कलेक्शन घटकर सिर्फ ₹7.80 करोड़ रह गया।
यह गिरावट लगभग 60% से ज्यादा की थी, जो बॉक्स ऑफिस एनालिस्ट्स के लिए चिंता की बात है।


क्यों फेल हुई ‘जॉली एलएलबी 3’ का मंडे टेस्ट?

  1. कंटेंट की कमी:
    फिल्म का प्लॉट पहली दोनों फिल्मों जितना मजबूत नहीं माना जा रहा। कोर्टरूम ड्रामा में मजाक और इमोशन की कमी महसूस हुई।

  2. कड़ी प्रतिस्पर्धा:
    इसी हफ्ते रिलीज हुई दूसरी बड़ी फिल्में और ओटीटी पर मौजूद कंटेंट ने दर्शकों का ध्यान खींच लिया।

  3. वर्ड ऑफ माउथ कमजोर:
    शुरुआती दर्शकों की राय मिश्रित रही। ट्विटर/एक्स और रिव्यू प्लेटफॉर्म्स पर फिल्म को औसत रेटिंग्स मिलीं।

  4. टिकट प्राइसिंग और शोज:
    मेट्रो सिटीज़ में प्राइस ज्यादा होने और स्मॉल टाउंस में शोज कम मिलने के कारण कलेक्शन पर असर पड़ा।


एक्सपर्ट एनालिसिस

ट्रेड एनालिस्ट्स का मानना है कि ‘जॉली एलएलबी 3’ के पास अभी भी समय है।

  • आने वाले हफ्ते में अगर कोई बड़ी फिल्म रिलीज नहीं होती, तो यह धीरे-धीरे रिकवरी कर सकती है।

  • फिल्म का लाइफटाइम बिजनेस ₹100-120 करोड़ तक पहुंच सकता है, लेकिन ब्लॉकबस्टर बनना मुश्किल है।


अक्षय कुमार और अरशद वारसी की परफॉर्मेंस

  • अक्षय कुमार: हमेशा की तरह उनका चार्म स्क्रीन पर दिखा, लेकिन स्क्रिप्ट कमजोर होने से पूरा असर नहीं पड़ा।

  • अरशद वारसी: उनका ह्यूमर और डायलॉग डिलीवरी शानदार रहे। कई दर्शकों का मानना है कि फिल्म में अरशद ने अक्षय से बेहतर काम किया।


सोशल मीडिया रिएक्शन

  • कुछ फैंस ने फिल्म को ‘एंटरटेनिंग लेकिन रिपीट वैल्यू कम’ बताया।

  • मीम्स और ट्विटर थ्रेड्स पर अक्षय और अरशद की जुगलबंदी को सराहा गया।

  • वहीं, कुछ लोगों ने कहा कि फ्रेंचाइज़ी की पहचान ‘जॉली’ वाले किरदार से ज्यादा कंटेंट पर आधारित है, जो इस बार कमजोर रहा।


आगे का भविष्य

  1. अगर फिल्म अगले वीकेंड तक 10-15% की ग्रोथ दिखाती है, तो यह लंबी रेस में टिक सकती है।

  2. वर्ड ऑफ माउथ में सुधार हुआ तो सिंगल स्क्रीन ऑडियंस को खींच सकती है।

  3. अगर गिरावट जारी रही, तो फिल्म का लाइफटाइम कलेक्शन ₹100 करोड़ से कम भी रह सकता है।


‘जॉली एलएलबी 3’ का मंडे टेस्ट फिल्म की कमज़ोरी सामने लाता है। अक्षय कुमार और अरशद वारसी की मौजूदगी के बावजूद फिल्म अपने वीकेंड पोटेंशियल को कायम नहीं रख सकी। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले दिनों में दर्शक इसे कितना मौका देते हैं।

‘जॉली एलएलबी 3’ ने वीकेंड में की 50 करोड़ की कमाई, 4 साल बाद अक्षय कुमार को मिलेगी क्लीन हिट?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *